लड़की ने अपने मां की अनुमति के बिना ही शादी रचाई, हकीकत जानकर आप भी शाबाशी देंगे

दरअसल, मध्य प्रदेश के नीमच में आकाश और भारती कोर्ट में शादी के बंधन में बंधे लेकिन ये दिन देखने के लिए दोनों ने जो कितना संघर्ष किया है यह दोनों के सिवा कोई नहीं जानता आकाश और भारती दोनों बांछड़ा समुदाय बिलॉन्ग करते हैं वही बांछड़ा समुदाय जिसने मालवा के माथे पर लड़कियों को वेश्यावृत्ति में धकेलने का काम लगा रखा है आपकी जानकारी के लिए बता दें कि मालवा के नीमच, मन्दसौर और रतलाम जिलों के करीब 68 गांवों में बांछड़ा समुदाय के 250 डेरे मिलते हैं। 
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इस समुदाय में छोटी लड़कियों को देह व्यापार के दलदल में धकेलने वाले उनके मां-बाप ही होते हैं। न्यूज़ चैनेल आजतक की एक रिपोर्ट के अनुसार बांछड़ा समुदाय में लड़कियों के साथ दुर्व्यवहार देखकर आकाश का बचपन से ही खून खोलता था आकाश जब बड़ा हुआ तो उसने समुदाय की लड़कियों को इस दरिंदगी से बचाने की ठान ली थी इसके लिए 'फ्रीडम फर्म' नाम के एनजीओ के साथ मिलकर आकाश काम करने और एनजीओ की मुहिम के साथ जुड़कर करीब 60 लड़कियों को देह व्यापार के दलदल में फंसने से बचाया था।
आकाश 3 साल पहले ही एक रेस्क्यू मिशन पर था जिसके चलते आकाश की मुलाकात भारती से हुई उस वक्त नाबालिग भारती ने उसे बताया कि मुझे पढ़ना है और मेरी मां देह व्यापार में मुझे धकेलना चाहती है इस बात को सुनकर आकाश ने भारती को नीमच के एक हॉस्टल में भर्ती करा दिया उसके बाद दोनों में आकाश और भारती की अक्सर मोबाइल पर बात होने लगी, लेकिन कुछ ही दिन बाद भारती को उसकी मां हॉस्टल से ले गई और यहीं नहीं अपने समुदाय की पंचायत बुलाकर आकाश को भारती से दूर रहने का फैसला सुनवा दिया गया।
आकाश भारती से सच्चा प्यार करता था इसलिए उसने हार नहीं मानी और कुछ समय बाद आकाश एनजीओ और पुलिस की कार्रवाई में एक डेरे पर छापा मारा गया जहां से भारती की मां को पांच लड़कियों से देह व्यापार कराते हुए पकड़ा लिया गया उसके बाद आकाश ने भारती का भी पता लग लिया NGO की सहायता से भारती की रहने की व्यवस्था नीमच के आश्रम में कराई गई वहीं आकाश के प्रयासों से भारती की पढ़ाई प्रारंभ करा दी। 
भारती 21 साल की हो गई है और दोनों ने बांछड़ा समुदाय के माथे पर जो दाग लगा है उसे मिटाने के लिए मिलकर प्रयास करने की कसम खाई और साथ ही मंगलवार को कोर्ट में दोनों ने शादी की नीमच के एसपी “मनोज सिंह” ने इस मौके पर दोनों को सुखी जीवन के लिए आशीर्वाद दिया एसपी ने कहा कि बांछड़ा समुदाय के जो बच्चे पढ़ना चाहते हैं उनकी पूरी मदद की हमारी तरफ से की जाएगी।